Blogger के लिए GST: क्या ब्लॉगर को Gst देना है? Complete information

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GST लागु होने के बाद पूरा blogger community परेशान हैं। क्या हमें GST देना है? और GST देना है तो कितना %  GST देना है? इस ब्लॉग पोस्ट में आपके सारे confusion दूर होंगे। और किसी CA को अपनी पूरी केस अच्छे से समझा पाएंगे।

इंडिया का टैक्स सिस्टम कैसा है?

इंडिया में अभी 2 तरीके के टैक्स है –

  1. Direct Tex
  2. Indirect Tex

1. Direct Tex

Direct Tax में अपनी कमाई का कुछ हिस्सा Income Tax department को देना होता है।

जैसे – आप कही जॉब करके पैसे कमा रहे है या फिर bussiness करके पैसा कम रहे है तो अपनी कमाई का कुछ हिस्सा Income Tax department को pay करना होता है।

यदि आपकी 1 साल (वार्षिक) आय 3 लाख रूपए से कम है तो आपको income tax नहीं देना है पर यदि आपकी वार्षिक आय 3 लाख से ज्यादा है तो आपको income tax देना पड़ेगा और आपको PAN (Permanent Account Number) Income Tax department से लेना पड़गा।

Direct tax में govt. का कहना है की भाई आप इंडिया में रहते हो और आप बहुत अच्छा पैसा कमा रहे हो आप अपने परिवार को पालने में सक्षम हो लेकिन इंडिया में बहुत लोग गरीब हैं उनके लिए कुछ योजना निकलना है ताकि वो भी थोडा बेहतर जिन्दगी जी सके इसलिए आप अपने कमाई का कुछ हिस्सा हमे दो ताकि हम उनके लिए भी कुछ बेहतर कर सकें।

2. Indirect Tax

Indirect Tax का मतलब है जब आप कोई सामान आप बेचते हैं या किसी को service  देते हैं तो कस्टमर से extra पैसे लेकर govt को देना पड़ता है इसे ही हम GST कहते हैं।

मतलब की indirect tax customer को देना होगा, आपको नहीं।

जैसे – मैंने कोई साबुन बेचने के लिए manufacture किया और मेरी लागत आई 8 रूपए मैं 1.50 रूपए का मुनाफा जोडूंगा तो वह साबुन 9.50 रूपए की हो जायगी अब मान लो इसमें 5 % GST govt को देनी है तो 9.50 रूपए का 50 %, .50 रूपए होगा तो अब उस साबुन की कीमत 10 रूपए हो गई अब जब मैं  किसी ग्राहक को सामन बेचूंगा तो वह 10 रूपए में बेचूंगा और .50 रूपए customer से collect करके govt को pay करूँगा।

Indirect Tax में govt कहती है की भाई जब आप किसी को कुछ सामान बेचो या सीर्विस दो तो तो हमें भी कुछ पैसे चाहिए क्युकि हम आपको यह करने के लिए infrastructure देते हैं और आपको हर तरह की सिक्यूरिटी देते हैं इसलिए कुछ पैसे हमे भी चाहिए। तो हम कहते हैं की भाई हम already income tax pay कर हु रहे हैं तो Indirect Tax (GST) क्यों दे तो govt ने कहा की हाँ आप तो already  pay कर रहे तो आप customer से लेकर दो क्युकि सामान या सीर्विस लेने वाला व्यक्ति किसी प्रकार का टेक्स pay नहीं कर रहा है ।

Direct Tex VS Indirect Tax

Direct Tax (Income Tax)Indirect Tax (GST)
Direct Tax को income tax कहते हैंIndirect Tax को GST कहते हैं
Direct Tax, income पर लगता हैIndirect Tax, product पर लगता है
Direct tax में आपको अपना पैसा govt को देना होता हैIndirect tax में आपको ग्राहक से पैसा लेकर govt को देना होता है।

ब्लॉगर को कितना GST देना है?

Direct tax और Indirect Tax को समझने के बाद आप थोडा बहुत जरुर समझ गये होंगे की gst देना है या नहीं।

blogging कोई बिजनेस नहीं है। ज्ञान बाटने को ही blogging कहते हैं। लेकिन ब्लॉगर अनेकों तरीकों से पैसा कमाते हैं जैसे-

  1. Google Adsense (or any advertise network)
  2. Affiliate Marketing
  3. Direct Advertisement
  4. Selling E-book
  5. Freelancing or Offer any services (Like Web development, logo design etc.)

1. Google Adsense के लिए GST

Case 1: मान लीजिये आप किसी company में काम कर रहे है और वहां पर web development के रूप में service दे रहें हैं तो इस condition में तो आपको किसी भी प्रकार का GST थोड़ी न pay करना पड़ रहा है। क्युकि आप उस कंपनी के हिस्सा हैं मतलब employee हैं।

Google Adsense वाले केस में कुछ ऐसा ही है।

Google को advertisement कोई third party देती है। क्युकि google ये दावा करता हैं की हमारे पास बहुत सारी वेबसाइट हैं जहाँ हम आपका ad दिखायेंगे। तो यहाँ पर समझने वाली बात ये है की हमारा deal customer के साथ नहीं हो रहा है बल्कि google का deal customer के साथ हो रहा है तो इस condition में google को gst pay करना होगा। और हमारा वेबसाइट google का कहलायगा क्युकि हम फ्री में उसे ad उपयोग करने को दे रहे हैं बदले में वो हमे अपने कमाई का कुछ हिस्सा salary के रूप में दे रहा है, जैसे वो अपने employee को देता है।

यह बात मैं इसलिए कह रहा हूँ क्योंकि मान लीजिये आप facebook में कोई ad चला रहें हैं तो facebook आपसे किसी भी तरह का tax नहीं वसूल रहा है, क्योंकि उसमे already tax include है। और वो govt को pay करता है। ठीक उसी प्रकार google भी ad का hidden tax वसूलता है और govt को pay करता है।

यदि कभी आपने facebook या फिर google पर ad campaign किया होगा तो  आपको पता होगा की हर country के लिए अलग अलग policy है।

Case 2: अब मान लीजिये की google कहता है कि हम कोई gst नहीं pay करते हैं, और publisher को gst pay करना है हम और हमारे publisher पार्टनर हैं।

तो ऐसे में gst amount का 32% google को pay करना पड़ेगा और बाकी का 68% हमें क्योंकि google कमाई का 68% हमें देता है और बाकी के 32% खुद रखता है।

इस हिसाब से यदि कुल कमाई 100 रुपए की होती है तो 68 रुपए हमारे पास आयेंगे और 32 रूपए google खुद रखेगा। और gst 18% pay करना है, तो 12.24 रूपए हमें gst pay करना होगा और 5.76 रूपए google को gst pay करना होगा।

और मुझे नहीं लगता gst में ऐसा कोई नियम है।  अब पता नहीं मंगल गृह में कोई ऐसा tax का नियम हो तो।

Case 1 VS Case 2

Case 1 और case 2 की analysis करने के बाद यह सामने आता है की google adsense  (or any advertise network) से earn करने पर किसी भी प्रकार का कोई gst नहीं देना है क्युकि google already gst pay करता है आपको बस income tax देना है। जब तक govt GST के लिए कोई notice जारी नहीं करता तब तक हमे घबराने की जरुरत नहीं है।

2. Affiliate Marketing के लिए GST

Affiliate marketing में जिस भी company का product आप promote कर रहें हैं वो कहती है की आप हमारे company का product promote kariye यदि आपके द्वारा कोई हमारा सामान खरीदता है तो बदले में हम अपनी कमाई का कुछ हस्सा आपको देंगे।

यहाँ पर ध्यान देने वाली बात ये है की वो company हमसे कहता है की हम अपनी कमाई का कुछ हिस्सा आपको देंगे।

मतलब वह अपने कमाई का कुछ हिस्सा देगा मतलब वो gst पहले से pay कर चूका है।

Example: मान लीजिये आप hostgator का affiliate use करते हैं तो जब कोई visitor हमारे link पर click करके कुछ सामन buy करता है तो उस product के price के साथ-साथ उसमे tax भी जुड़ता है।

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तो मतलब साफ़ है की Affiliate marketing कंपनी पहले से gst pay कर देती है और gst का नियम है की किसी भी प्रोडक्ट में केवल एक बार ही लगता है।

तो हमे Affiliate marketing से की गई कमाई का किसी प्रकार का gst नहीं देना होगा आपको बस income tax pay करना है। यदि आप eligible हैं तो।

3. Direct advertisement के लिए GST

जब कोई कंपनी डायरेक्ट आपसे advertisement करता है तो आपको gst pay करना पड़ेगा ।

Example: यदि आप किसी कंपनी का advertisement 2000 रुपए में कर रहे हैं तो आपको 18% का gst यानी 360 उस कंपनी से से लेकर govt को pay करना पड़ेगा। इससे आप 1640 रूपए कमाएंगे । यदि आपको 2000 रूपए ही उस service से कमाना है तो आप 2000+360(gst) यानि टोटल 2360 रूपए customer से ले सकते हैं।

नोट: gst आपको तब pay करना है जब आपका सालाना का turnover 20 लाख से ऊपर है। यदि आपका turnover 20 लाख से कम है तो आपको customer से gst लेने की जरुरत नहीं है, और न ही govt को gst pay करने की जरुरत है।

4. E-book sell के लिए GST

बिलकुल आपको e-book sell के लिए 18% का gst customer से लेकर govt को देना पड़ेगा लेकिन यदि आपका turnover 20 लाख से कम है तो आपको customer से gst लेने की जरुरत नहीं है, और न ही govt को gst देने की जरुरत है।

आप कहेंगे की books में तो gst zero% है।

लेकिन यहाँ पर आप book ऑनलाइन provide करते हैं physically नहीं इसलिए यह online searvice में आता है और आपको 18% का gst customer से लेकर govt को pay करना होता है।

5. Freelancer के लिए GST

चाहे आप अपने ब्लॉग से कोई service offer करते हैं या फिर किसी freelancing website (upwork, fiverr, peopleparhour) से कोई service ऑफर करते हैं और यदि आपका turnover 20 लाख से ज्यादा है तो आपको 18% gst customer से लेकर देना ही होगा।

जैसे यदि कोई service आप 100 doller का offer करते हैं तो आप उसमे extra 18% बढाकर 118 doller का offer कर सकते हैं।

Conclusion

previews tax और gst में कुछ ज्यादा फर्क नहीं है बस इसमें ये हुआ है की पहले केंद्र सरकार और राज्य सरकार अलग अलग tax वसूलती थीं पर अब वो लोग एक साथ मिल गये हैं और एक प्रकार की tax gst वसूल रहें हैं और सामान में लगने वाला tax कम या अधिक हुआ है इसके अलावा रती भर का फर्क नहीं है।

तो gst के आने से blogger के कमाई में थोडा भी फर्क नहीं पड़ा है बस service का price बढ़ गया है क्युकि पहले 15% service tax लगता था पर अब 18% gst लग रहा है।

adsense और affiliate marketing के कमाई का एक रुपए भी gst नहीं देना होगा बस आपको income tax pay करना है।

About the Author: Vishal Gupta

Mera naam VISHAL hai aur mai blogger hu. Mai Blogging, Social media marketing, WordPress, SEO, Technology, freelancing and web development ke bare me likhta hu aur meri specialization Wordpress, PHP aur SEO me hai.

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